देस चोरी, परदेस भीक।

Example 1:

जब कोई बहुत दरिद्र होकर चोरी और आवारागर्दी करने लगता है तब उसके लिए कहते हैं।

Example 2:

चोरी परिचित स्थान में ही हो सकती है। इसी प्रकार परदेश में बिना किसी संकोच के भीख माँगी जा सकती है।